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बच्चों ने सीखी मटकी सजावट,वेंकटेश्वर वेलफेयर सोसायटी ( नेकी की दुकान ) द्वारा कार्यशाला आयोजित

हाथरस। वेंकटेश्वर वेलफेयर सोसाइटी (नेकी की दुकान) द्वारा कृष्ण जन्माष्टमी के अवसर पर बच्चों के लिए मटकी सजाने की कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस रचनात्मक कार्यशाला का आयोजन वीडब्ल्यूएस नेकी की दुकान की नगर अध्यक्ष श्रीमती रेनू पचौरी जी के नेतृत्व एवं संयोजन में किया गया।

कार्यशाला का उद्देश्य बच्चों को भारतीय संस्कृति एवं त्योहारों से जोड़ने के साथ-साथ उनकी रचनात्मकता, कलात्मक प्रतिभा और आत्मविश्वास को बढ़ावा देना रहा। रेनू पचौरी जी ने बच्चों को इस प्रकार की रचनात्मक गतिविधियों में भाग लेने के लिए प्रेरित किया और कार्यशाला को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

कार्यशाला में बच्चों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया तथा विभिन्न रंगों, सजावटी सामग्रियों और अपनी कल्पनाशीलता का प्रयोग करते हुए सुंदर-सुंदर मटकियां सजाईं। बच्चों ने बेहद उत्साह और लगन के साथ मटकी सजाने की कला सीखी।

कार्यशाला में श्रीमती नमिता गोयल जी ने बच्चों को बहुत ही सरल, रोचक एवं आकर्षक तरीके से मटकी सजाने की विभिन्न विधियां सिखाईं। उनके मार्गदर्शन में बच्चों ने अपनी रचनात्मक प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन किया।

कार्यक्रम में रावत शिक्षा समिति की संचालिका श्रीमती राजमाला जी को मुख्य अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया। उन्होंने फीता काटकर कार्यशाला का शुभारंभ किया। उन्होंने बच्चों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि ऐसी रचनात्मक गतिविधियां बच्चों की प्रतिभा को निखारने के साथ-साथ उनमें आत्मविश्वास, धैर्य और कला के प्रति रुचि विकसित करती हैं।

कार्यक्रम में धार्मिक प्रकोष्ठ से अर्चना शर्मा जी, नीरज वार्ष्णेय जी, राहुल गर्ग जी, भारत विकास परिषद से वनिता दुबे जी, चेतन स्कूल की कोऑर्डिनेटर अंजना मिश्रा जी, कुसुम लता गौड़, अध्यापिका मुस्कान नागर एवं अंजलि नागर की गरिमामयी उपस्थिति रही।

इस अवसर पर नगर अध्यक्ष रेनू पचौरी जी ने कहा कि बच्चों के अंदर प्रतिभा की कोई कमी नहीं है, आवश्यकता केवल उन्हें उचित मंच और मार्गदर्शन देने की है। उन्होंने कहा कि नेकी की दुकान के माध्यम से बच्चों के लिए आगे भी कला, शिक्षा, संस्कृति एवं सामाजिक जागरूकता से जुड़ी विभिन्न गतिविधियां आयोजित की जाती रहेंगी, ताकि बच्चों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने के अवसर मिलते रहें।

कार्यशाला के दौरान बच्चों में विशेष उत्साह देखने को मिला। अपनी-अपनी मटकियों को आकर्षक रूप देने के लिए बच्चों ने नए-नए रचनात्मक प्रयोग किए। उनकी सुंदर कलाकृतियों ने सभी उपस्थित अतिथियों का मन मोह लिया और अतिथियों ने बच्चों की प्रतिभा की सराहना की।

वेंकटेश्वर वेलफेयर सोसाइटी (नेकी की दुकान) द्वारा नगर अध्यक्ष रेनू पचौरी जी के संयोजन में आयोजित इस कार्यशाला की सभी उपस्थित लोगों ने सराहना की। कार्यक्रम ने बच्चों को रचनात्मकता के साथ भारतीय संस्कृति और त्योहारों से जोड़ने का सुंदर संदेश दिया।

आउटसोर्स कर्मियों के हित में बड़ा कदम, हाथरस में सेवा निगम की वेबसाइट व पोर्टल का शुभारंभ

हाथरस। विभिन्न प्रशासकीय विभागों में कार्यरत आउटसोर्स कर्मियों को समय से पारिश्रमिक, ईपीएफ-ईएसआई तथा अन्य सामाजिक सुरक्षा का लाभ दिलाने की दिशा में उत्तर प्रदेश सरकार ने महत्वपूर्ण पहल की है। इसी क्रम में हाथरस के आगरा रोड स्थित अग्रवाल सेवा सदन में उत्तर प्रदेश आउटसोर्स सेवा निगम (न्च्ब्व्ै) के लोगो, वेबसाइट एवं पोर्टल के शुभारंभ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। प्रदेश स्तर पर भी 2 सितंबर को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा निगम की शुरुआत की गई।
कार्यक्रम का आयोजन सांसद अनूप प्रधान वाल्मीकि की अध्यक्षता में हुआ। इस दौरान विधायक सदर श्रीमती अंजुला सिंह माहौर, विधायक सिकंदराराऊ वीरेंद्र सिंह राणा, राष्ट्रीय लोक दल जिलाध्यक्ष श्याम सिंह, जिलाधिकारी अतुल वत्स, मुख्य विकास अधिकारी पी.एन. दीक्षित तथा अपर जिलाधिकारी वि./रा. प्रशांत तिवारी सहित अन्य अधिकारी एवं जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा उत्तर प्रदेश आउटसोर्स सेवा निगम के लोगो का अनावरण, वेबसाइट एवं पोर्टल का शुभारंभ तथा पारिश्रमिक संबंधी घोषणाओं का सजीव प्रसारण दिखाया गया। उपस्थित जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों और आउटसोर्स कर्मचारियों ने मुख्यमंत्री का संबोधन सुना।
हर माह 5 तारीख तक वेतन पहुंचाने पर जोर
सांसद अनूप प्रधान वाल्मीकि ने कहा कि आउटसोर्स कर्मचारियों की वर्षों पुरानी समस्याओं के समाधान की दिशा में उत्तर प्रदेश आउटसोर्स सेवा निगम महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों को प्रत्येक माह की 5 तारीख तक पारिश्रमिक उनके बैंक खाते में पहुंचाने की व्यवस्था से समय पर आर्थिक सहायता मिलेगी। साथ ही ईपीएफ और सामाजिक सुरक्षा से जुड़ी समस्याओं के समाधान में भी नई व्यवस्था मददगार होगी।
विधायक अंजुला सिंह माहौर एवं विधायक वीरेंद्र सिंह राणा ने कहा कि नई व्यवस्था से आउटसोर्स कर्मचारियों को समय से मानदेय, पारदर्शी भर्ती, ईपीएफ-ईएसआई तथा सामाजिक सुरक्षा का लाभ मिलेगा। भर्ती प्रक्रिया में निर्धारित आरक्षण व्यवस्था का पालन सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया।
न्च्ब्व्ै के डिजिटल प्लेटफॉर्म का उद्देश्य आउटसोर्स मानव संसाधन की नियुक्ति, उपस्थिति, वेतन, वैधानिक अनुपालन, एजेंसी प्रबंधन और भुगतान प्रक्रिया को पारदर्शी एवं डिजिटल बनाना है। पोर्टल पर कर्मचारियों को अपने वेतन, ईपीएफ, ईएसआईसी और सेवा संबंधी जानकारी देखने की सुविधा भी उपलब्ध कराई गई है।
कार्यक्रम के दौरान श्रम विभाग द्वारा संचालित ठव्ब्ॅ (भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार) योजनाओं के लाभार्थियों को चेक तथा सफाई कर्मियों को सुरक्षा टूल किट वितरित की गई। इसके अलावा डैमो चौक, कन्या सहायता योजना तथा मातृत्व शिशु एवं बालिका योजनाओं के अंतर्गत लाभार्थियों को स्वीकृति पत्र भी प्रदान किए गए।
मुख्य विकास अधिकारी पी.एन. दीक्षित ने जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों, कर्मचारियों एवं उपस्थित लोगों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश आउटसोर्स सेवा निगम की पहल से व्यवस्था को अधिक पारदर्शी, सुगम और व्यवस्थित बनाने में मदद मिलेगी।
कार्यक्रम में नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी, आउटसोर्स कर्मचारी, जनप्रतिनिधि, अधिकारी तथा प्रिंट एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के पत्रकार मौजूद रहे।

विकास भवन में दिव्यांगजनों व बुजुर्गों की सुविधा के लिए लगेगी लिफ्ट ,राज्य दिव्यांग सलाहकार बोर्ड के सदस्य सागर शर्मा के पत्र पर शासन ने मांगी तत्काल कार्रवाई की रिपोर्ट

हाथरस। विकास भवन हाथरस की तीन मंजिला इमारत में दिव्यांगजनों एवं वृद्धजनों के सुगम आवागमन के लिए लिफ्ट स्थापित किए जाने की दिशा में पहल शुरू हो गई है। इस संबंध में राज्य दिव्यांग सलाहकार बोर्ड, उत्तर प्रदेश के सदस्य सागर शर्मा द्वारा 25 अगस्त 2026 को उपमुख्यमंत्री उत्तर प्रदेश सरकार को संबोधित पत्र भेजा गया था, जिसकी प्रति संबंधित विभाग को भी प्रेषित की गई।
पत्र में विकास भवन हाथरस की तीन मंजिला इमारत में दिव्यांगजनों एवं वृद्धजनों के लिए सुगम आवागमन हेतु लिफ्ट स्थापित कराने का अनुरोध किया गया था। प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए सत्यप्रकाश सिंह ,मुख्य प्राविधिक परीक्षक, टी०ए०सी० ग्राम विकास उत्तर प्रदेश द्वारा 31 अगस्त 2026 को मुख्य विकास अधिकारी हाथरस को पत्र भेजकर आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।


पत्र में कहा गया है कि राज्य दिव्यांग सलाहकार बोर्ड के सदस्य सागर शर्मा द्वारा दिए गए निर्देशों के क्रम में विकास भवन की तीन मंजिला इमारत में दिव्यांगजनों एवं वृद्धजनों के सुगम आवागमन हेतु लिफ्ट स्थापित किए जाने के संबंध में आगणन/प्रस्ताव तैयार कर तत्काल उपलब्ध कराया जाए, ताकि आगे की आवश्यक कार्रवाई की जा सके।
इस पहल से विकास भवन में विभिन्न कार्यों से आने वाले दिव्यांगजनों और बुजुर्गों को ऊपरी मंजिलों तक पहुंचने में काफी सुविधा मिलने की उम्मीद है।

उद्योगपति कौशल किशोर वर्मन के जन्मोत्सव पर सजी काव्य की महफिल,लेबर कॉलोनी स्थित सरस्वती विद्या मन्दिर इंटर कॉलेज हुआ भव्य आयोजन

हाथरस। सरस्वती विद्या मन्दिर इंटर कॉलेज, लेबर कॉलोनी, हाथरस में उद्योगपति कौशल किशोर वर्मन जी के जन्मोत्सव के अवसर पर काव्य गोष्ठी आयोजित की गई। इसमें नगर के साहित्यकारों, कवियों, वैद्यों और गणमान्य नागरिकों ने सहभागिता की। विभिन्न रसों और सामाजिक विषयों पर प्रस्तुत रचनाओं ने श्रोताओं की खूब तालियां बटोरीं।
गोष्ठी में वैद्य डॉ. उपेंद्र झा, वासुदेव उपाध्याय, कवि दीपक रफी, हास्य कवि पंडित हाथरसी, वैद्य मोहन बृजेश रावत, राजेश कुमार शर्मा आचार्य, डॉ. रोहिताश पाराशर, मनोज कुमार शर्मा आचार्य, डॉ. अनुपम भारद्वाज तथा कवि प्रभु दयाल दीक्षित ने काव्य पाठ किया।
डॉ. रोहिताश पाराशर ने वीर रस के साथ संघ और धर्मांतरण जैसे सामाजिक विषयों पर रचनाएं सुनाईं। दीपक रफी ने “राम का जो करेगा भजन” गीत और “उसकी मिट जाए दिल की तपन” कविता प्रस्तुत की। डॉ. अनुपम भारद्वाज ने भगवान शिव द्वारा कंठ में गरल धारण करने के प्रसंग को काव्यात्मक रूप में प्रस्तुत किया, जबकि प्रभु दयाल दीक्षित ने अपने दोहों से श्रोताओं को प्रभावित किया।
डॉ. उपेंद्र झा ने “निगाहों में बचपन समाया रहेगा” मुक्तक और “बड़े ही प्रेम से मिलिए अगर इंसान मिल जाए” रचना सुनाई। श्रृंगार रस की कविता “कैसे मैं तुझे कह दूं” ने भी खूब प्रशंसा प्राप्त की।


प्रधानाचार्य लोकेंद्र नाथ शर्मा ने “मेरे भारत की माटी है चंदन और अबीर” गीत प्रस्तुत किया। राजेश कुमार शर्मा ने तवे से विवाद पर आधारित हास्य कविता सुनाई, वहीं मनोज कुमार शर्मा ने ट्रेन की गति पर आधारित हास्य रचना से श्रोताओं को खूब गुदगुदाया। वैद्य मोहन बृजेश रावत ने “मैं सीमा पर जाऊंगा” वीर रस की कविता के माध्यम से राष्ट्रप्रेम की भावना जगाई।
विद्यालय के प्रबंधक मनोज अग्निहोत्री ने वर्तमान और पुराने समय के कवियों की रचनाशैली एवं सामाजिक भूमिका का तुलनात्मक अध्ययन प्रस्तुत किया। उन्होंने बेटियों के संघर्ष और परिवार की बदलती जिम्मेदारियों को रेखांकित करती कविता “जिम्मेदारियों का बोझ परिवार पर पड़ा तो ऑटो रिक्शा तक चलाने लगी बेटियां” भी सुनाई।
कार्यक्रम में विद्यालय अध्यक्ष पुरुषोत्तम राठी सहित विद्यालय परिवार के सदस्य एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। काव्य गोष्ठी में भक्ति, वीर, हास्य, श्रृंगार और सामाजिक सरोकारों से जुड़ी प्रस्तुतियों ने साहित्यिक वातावरण को जीवंत बना दिया।

सेठ फूल चन्द बागला कॉलेज में रंगोली प्रतियोगिता, छात्राओं ने दिखाई रचनात्मक प्रतिभा

हाथरस। सेठ फूल चन्द बागला (पी.जी.) कॉलेज, हाथरस के सांस्कृतिक एवं साहित्यिक गतिविधि विभाग द्वारा शैक्षणिक सत्र 2026-27 के अन्तर्गत दिनांक 02 सितम्बर 2026 को रंगोली प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। प्रतियोगिता का उद्देश्य विद्यार्थियों में भारतीय कला एवं संस्कृति के प्रति रुचि विकसित करने के साथ-साथ उनकी रचनात्मकता, कल्पनाशीलता, कलात्मक अभिव्यक्ति एवं टीम भावना को प्रोत्साहित करना था। प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने विभिन्न टोलियों के रूप में उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया प्रतिभागियों द्वारा निर्मित रंगोलियों का मूल्यांकन उनकी मौलिकता, कलात्मकता, रंग-संयोजन, विषय-वस्तु एवं समग्र प्रस्तुति के आधार पर किया गया।

महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. (डॉ.) महावीर सिंह छोंकर के मार्गदर्शन एवं प्रोत्साहन में प्रतियोगिता सफलतापूर्वक सम्पन्न हुई। उन्होंने विजेता एवं समस्त प्रतिभागी विद्यार्थियों को शुभकामनाएँ देते हुए इस प्रकार की गतिविधियों में निरंतर सहभागिता के लिए प्रेरित किया। प्रतियोगिता में टोली संख्यादृ3 की मुस्कान, प्रियंका एवं कल्पना ने प्रथम स्थान प्राप्त किया, जबकि टोली संख्यादृ4 की दामिनी पाण्डेय एवं पलक पाण्डेय ने द्वितीय स्थान हासिल किया। तृतीय स्थान संयुक्त रूप से टोली संख्यादृ6 की पूर्णा तथा टोली संख्यादृ2 की प्रिया रौतेला, प्रिया द्विवेदी, राधा उपाध्याय एवं अंजलि शर्मा को प्रदान किया गया। प्रतियोगिता के ज्यूरी सदस्यों के रूप में डॉ. वीरेश शर्मा, डॉ. पप्पू चौधरी एवं डॉ. अंकिता ने प्रतिभागियों की रंगोलियों का मूल्यांकन किया। प्रतियोगिता की संयोजक डॉ. दीपा ग्रोवर रहीं तथा सांस्कृतिक एवं साहित्यिक गतिविधि विभाग के सदस्यों ने कार्यक्रम के सफल आयोजन में सक्रिय सहयोग प्रदान किया। इस अवसर पर मुख्य अनुशासन अधिकारी प्रो. के. एन. त्रिपाठी, प्रो. सुनंदा महाजन, डॉ. विमलेश( सह संयोजक), प्रो. संध्या कुमारी,डॉ. प्रेम किशोर, डॉ कमलेश कुशवाहा डॉ विनय वर्मा, डॉ.अंजुला एवं डॉ. विजयदीप डॉ. रमा, डॉ निखिल मिश्रा, डॉ. अनीता शर्मा सहित अन्य शिक्षकगण उपस्थित रहे। उनकी गरिमामयी उपस्थिति ने प्रतिभागी विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन किया।

राज्यमंत्री असीम अरुण कल आएंगे हाथरस , विकास कार्यों का करेंगे लोकार्पण

-प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम में होंगे शामिल, मेधावी विद्यार्थियों का होगा सम्मान

हाथरस,। समाज कल्याण विभाग के राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री असीम अरुण गुरुवार को हाथरस जनपद में आयोजित विभिन्न कार्यक्रम शामिल होंगे। राज्यमंत्री दोपहर 1:00 बजे ग्राम नगला अहीर, बरवाना में राधा-कृष्ण और शनिदेव महाराज की मूर्तियों की प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम में शामिल होंगे। इसके बाद दोपहर 2:30 बजे पंचायत घर, नगला अहीर में आयोजित स्वागत समारोह और जनसभा में सहभागिता करेंगे। इस दौरान विकास कार्यों का लोकार्पण और मेधावी विद्यार्थियों का सम्मान किया जाएगा। इसके बाद राज्यमंत्री शाम 4:00 बजे नगला मोती, बरवाना में सामुदायिक केंद्र निर्माण कार्य का निरीक्षण करेंगे और पार्टी कार्यकर्ताओं से मुलाकात करेंगे।

सेवानिवृत्ति पर अपर आयुक्त आर.पी. मल्ल को भावभीनी विदाई,फैम जिलाध्यक्ष सुरेश अग्रवाल ने किया सम्मानित

हाथरस। राज्य कर (जीएसटी) विभाग, उत्तर प्रदेश सरकार के अपर आयुक्त ग्रेड-1, अलीगढ़ संभाग श्री आर.पी. मल्ल के सेवानिवृत्त होने पर जीएसटी राज्य कर विभाग, हाथरस कार्यालय में भावभीनी विदाई समारोह का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम का आयोजन ज्वाइंट कमिश्नर श्री आर.के. सिंह के तत्वावधान में उद्योगपतियों, व्यापारियों, अधिकारियों एवं कर्मचारियों की उपस्थिति में हर्षोल्लास के साथ किया गया।

समारोह को संबोधित करते हुए उद्योगपति एवं समाजसेवी श्री राम बिहारी गर्ग तथा श्री सुरेश अग्रवाल ने श्री आर.पी. मल्ल के सेवाकाल की सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने सदैव व्यापारियों के हितों को प्राथमिकता दी तथा राजस्व और व्यापार के बीच बेहतर सामंजस्य स्थापित करने का प्रयास किया। उन्होंने कहा कि श्री मल्ल का कार्यकाल व्यापार जगत के लिए स्वर्णिम रहा, जिसे व्यापारी समाज लंबे समय तक याद रखेगा।

उन्होंने कहा कि यदि अधिकारी इसी प्रकार व्यापारी हितों एवं राजस्व हितों के बीच सामंजस्य बनाकर कार्य करें तो उत्तर प्रदेश को उत्तम प्रदेश बनाने तथा प्रदेश की आर्थिक विकास दर को और गति देने में निश्चित रूप से सहायता मिलेगी।

इस अवसर पर श्री आर.पी. मल्ल का माला एवं पटका पहनाकर स्वागत किया गया तथा उन्हें विभिन्न प्रतीक चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया। समारोह में उपस्थित अधिकारियों, व्यापारियों एवं कर्मचारियों ने उनके उज्ज्वल एवं स्वस्थ भविष्य की कामना करते हुए भावभीनी विदाई दी।

समारोह में श्री राम बिहारी अग्रवाल, बांके बिहारी अग्रवाल, फैम जिलाध्यक्ष श्री सुरेश अग्रवाल, राजेश अग्रवाल सर्राफ, शरद अग्रवाल डिब्बा वाले, आशीष अग्रवाल, लोकेश अग्रवाल दाल वाले, सुनील अग्रवाल रेडीमेड, राजकुमार वर्मा कोठीवाल, पंडित हरेंद्र शर्मा, अरुण उपाध्याय (चार रोटी), सचिन वर्मा, ओमप्रकाश वर्मा, कपिल अग्रवाल, जीएसटी अधिकारी, डिप्टी कमिश्नर श्री पी.के. गुप्ता, श्री हरनाथ सिंह यादव, समीर श्रीवास्तव, गणेश यादव, नीरज कुमार, आशीष यादव सहित बड़ी संख्या में अधिकारी, कर्मचारी, उद्योगपति एवं व्यापारी मौजूद रहे।

दाऊजी मेला एवं आगामी त्योहारों के दृष्टिगत यातायात व्यवस्था को लेकर जनसंवाद ,व्यापारी बंधुओं एवं अन्य स्टेकहोल्डर्स के सुझावों के आधार पर तैयार होगा समेकित ट्रैफिक प्लान

व्यापारियों के सुझावों से तैयार होगा प्रभावी ट्रैफिक प्लान, आगामी त्योहारों एवं लक्खी मेला श्री दाऊजी महाराज के दौरान यातायात व्यवस्था को सुगम बनाने पर जोर।

हाथरस। शासन की मंशा के अनुरूप जनपद में यातायात व्यवस्था को सुचारु एवं सुदृढ़ बनाने तथा सड़क सुरक्षा के दृष्टिगत प्रभावी व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के उद्देश्य से व्यापारी बंधुओं के साथ सड़क सुरक्षा एवं यातायात व्यवस्था संबंधी बैठक अग्रवाल सेवा सदन, हाथरस में जिलाधिकारी अतुल वत्स की अध्यक्षता में आयोजित की गई। जिलाधिकारी ने पुलिस अधीक्षक चिरंजीव नाथ सिन्हा के साथ आगामी त्योहारों एवं जनपद में आयोजित होने वाले लक्खी मेला श्री दाऊजी महाराज के दृष्टिगत यातायात व्यवस्था को बेहतर एवं व्यवस्थित बनाए जाने पर व्यापारियों तथा अन्य स्टेकहोल्डर्स के साथ विस्तृत विचार-विमर्श किया और उनके महत्वपूर्ण सुझाव प्राप्त किए।
जिलाधिकारी ने कहा कि बैठक का मुख्य उद्देश्य आगामी त्योहारों, विशेषकर श्री दाऊजी महाराज के लक्खी मेले एवं त्योहारों के सीजन के दौरान जनपद में यातायात व्यवस्था को सुगम, सुरक्षित एवं व्यवस्थित बनाना है। उन्होंने कहा कि व्यापारिक संगठनों एवं अन्य स्टेकहोल्डर्स से प्राप्त सुझावों को शामिल करते हुए एक प्रभावी एवं व्यावहारिक ट्रैफिक प्लान तैयार किया जाए, जिससे यातायात संबंधी समस्याओं एवं सड़क दुर्घटनाओं पर प्रभावी अंकुश लगाने के साथ-साथ जाम की समस्या का स्थायी समाधान सुनिश्चित किया जा सके। इसी क्रम में बैठक के दौरान तैयार किए गए प्रस्तावित ट्रैफिक प्लान के ड्राफ्ट को प्रस्तुत एवं सर्कुलेट किया गया। व्यापारियों एवं उपस्थित लोगों ने ड्राफ्ट का सकारात्मक स्वागत करते हुए विभिन्न बिंदुओं पर अपने सुझाव दिए। विशेष रूप से होल्डिंग एरिया, पार्किंग स्थलों, यातायात डायवर्जन एवं बाजार क्षेत्रों में आवागमन को सुगम बनाए जाने से संबंधित महत्वपूर्ण सुझाव प्रस्तुत किए गए। व्यापारियों द्वारा अतिक्रमित तथा यातायात एवं पार्किंग के लिए उपयोग में लाई जा सकने वाली भूमि को चिन्हित किए जाने के संबंध में भी जानकारी दी गई। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को ऐसे स्थानों को चिन्हित कर उनका सत्यापन एवं आवश्यक जांच कराने के निर्देश दिए, ताकि उपलब्ध संसाधनों का प्रभावी उपयोग करते हुए यातायात एवं पार्किंग व्यवस्था को बेहतर बनाया जा सके। जिलाधिकारी ने कहा कि जनसंवाद के माध्यम से ट्रैफिक प्लान तैयार करने का उद्देश्य सभी स्टेकहोल्डर्स की सहभागिता सुनिश्चित करते हुए ऐसा प्लान तैयार करना है, जो धरातल पर प्रभावी एवं व्यावहारिक हो। उन्होंने कहा कि यातायात व्यवस्था बनाते समय व्यापारियों के साथ-साथ बाजारों में आने वाले ग्राहकों एवं आमजन की सुविधा को भी सर्वाेच्च प्राथमिकता दी जाए। उन्होंने कहा कि हमारा उद्देश्य केवल यह सुनिश्चित करना नहीं है कि ग्राहक आसानी से बाजार तक पहुंच सके, बल्कि यह भी सुनिश्चित करना है कि वह बिना जाम और अनावश्यक परेशानी के सुरक्षित एवं सुखद अनुभव के साथ अपने घर वापस लौटे। इसके लिए यातायात प्रबंधन, पार्किंग, होल्डिंग एरिया एवं अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं को समन्वित रूप से विकसित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि आगामी त्योहारों एवं लक्खी मेला श्री दाऊजी महाराज के दौरान श्रद्धालुओं एवं आमजन की संभावित भीड़ को देखते हुए यातायात प्रबंधन की तैयारियां समय से पूर्ण कर ली जाएं। प्रमुख मार्गों, बाजार क्षेत्रों एवं भीड़भाड़ वाले स्थानों पर यातायात संचालन को सुगम बनाए रखने के साथ ही पार्किंग एवं वैकल्पिक मार्गों की व्यवस्था को प्रभावी बनाया जाए। उन्होंने कहा कि बाजारों की सुलभता बनाए रखने के साथ-साथ स्कूली बच्चों की सुरक्षा और पार्किंग की समस्या का समाधान करना प्रशासन की प्राथमिकता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रस्तावित ट्रैफिक प्लान को केवल प्रशासन का प्लान न मानकर व्यापारियों और प्रशासन का साझा प्लान माना जाए। स्कूली बच्चों की सुरक्षा को दृष्टिगत रखते हुए दोपहर 2ः30 बजे से 4ः30 बजे तक भारी वाहनों के आवागमन पर प्रतिबंध लगाने का प्रस्ताव रखा गया, साथ ही सुबह 8 बजे से पूर्व तथा शाम 5 बजे के बाद वाहनों के आवागमन की व्यवस्था को लेकर भी चर्चा हुई। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए प्रस्तावित ट्रैफिक प्लान को अंतिम रूप देने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने व्यापारियों से अपील की कि वे अपने-अपने प्रतिष्ठानों के सामने स्वच्छता व्यवस्था बनाए रखें तथा सड़क अथवा सार्वजनिक स्थान पर कूड़ा न डालें। उन्होंने कहा कि सुगम यातायात के साथ स्वच्छ एवं व्यवस्थित बाजार भी शहर की पहचान हैं। उन्होंने व्यापारियों से सहयोग की अपेक्षा करते हुए कहा कि प्रशासन और व्यापारी मिलकर शहर की यातायात एवं स्वच्छता व्यवस्था में स्थायी सुधार ला सकते हैं।
पुलिस अधीक्षक चिरंजीव नाथ सिन्हा ने कहा कि आगामी त्योहारों एवं मेले के दौरान यातायात व्यवस्था को प्रभावी बनाए रखने के लिए पुलिस एवं यातायात विभाग द्वारा आवश्यक तैयारियां की जाएंगी। उन्होंने व्यापारियों से अपील की कि वे यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने में प्रशासन एवं पुलिस का सहयोग करें तथा बाजार क्षेत्रों में अनावश्यक अतिक्रमण एवं वाहनों के अव्यवस्थित खड़े होने से बचें।
बैठक में उपस्थित व्यापारियों एवं अन्य प्रतिभागियों ने प्रस्तावित यातायात व्यवस्था को लेकर सकारात्मक एवं आशावादी दृष्टिकोण व्यक्त करते हुए प्रशासन को पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया। व्यापारियों ने कहा कि जनपद में बेहतर यातायात व्यवस्था के लिए प्रशासन के साथ समन्वय स्थापित कर आवश्यक सहयोग प्रदान किया जाएगा।
जिलाधिकारी ने कहा कि बैठक में प्राप्त सुझावों को प्रस्तावित ट्रैफिक प्लान में शामिल करते हुए आवश्यक संशोधन किए जाएंगे तथा उसके आधार पर आगे की कार्यवाही सुनिश्चित की जाएगी। बैठक का उद्देश्य आगामी त्योहारों एवं लक्खी मेला श्री दाऊजी महाराज के दौरान आमजन, व्यापारियों तथा बाहर से आने वाले श्रद्धालुओं एवं ग्राहकों को सुगम, सुरक्षित, व्यवस्थित एवं जाममुक्त यातायात व्यवस्था उपलब्ध कराना है।

इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी न्यायिक, अपर पुलिस अधीक्षक, उप जिलाधिकारी सदर, अधिशासी अभियंता लोक निर्माण विभाग, एआरएम रोडवेज, पुलिस एवं यातायात विभाग के अधिकारी, व्यापारिक संगठनों के पदाधिकारी तथा बड़ी संख्या में व्यापारी बंधु उपस्थित रहे।

कार्यालय अधिशासी अभियन्ता, सिंचाई खण्ड हाथरस का जिलाधिकारी ने किया निरीक्षण

अभिलेखों को अद्यतन एवं व्यवस्थित रखने तथा सेवानिवृत्त कर्मचारियों के जीपीएफ भुगतान समय से कराने के दिए निर्देश

हाथरस। जिलाधिकारी अतुल वत्स ने कार्यालय अधिशासी अभियन्ता, सिंचाई खण्ड, हाथरस का निरीक्षण कर कार्यालयीय कार्यों एवं विभिन्न अभिलेखों के रख-रखाव की स्थिति का जायजा लिया।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने सर्वप्रथम कार्यालय की उपस्थिति पंजिका का अवलोकन किया। निरीक्षण के समय कार्यालय में कार्यरत समस्त अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित पाए गए। इसके पश्चात उन्होंने कैश अनुभाग का निरीक्षण करते हुए कैश सम्बन्धी अभिलेखों एवं पत्रावलियों, अनुबन्ध रजिस्टर तथा बजट रजिस्टर का अवलोकन किया। सम्बन्धित अभिलेख एवं पत्रावलियां नियमानुसार व्यवस्थित एवं सही पाई गईं। जिलाधिकारी ने जीपीएफ अनुभाग का भी निरीक्षण किया। जीपीएफ पटल सहायक द्वारा प्रशासनिक अधिकारी की उपस्थिति में सम्बन्धित अभिलेखों एवं पत्रावलियों के संबंध में जानकारी उपलब्ध कराई गई। जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि सेवानिवृत्त होने वाले कर्मचारियों के जीपीएफ भुगतान की कार्यवाही समय से पूर्ण की जाए, जिससे उन्हें सेवानिवृत्ति की तिथि तक देय लाभ प्राप्त हो सकें। साथ ही अधिष्ठान अनुभाग में मूवमेंट रजिस्टर को नियमित रूप से अद्यतन एवं व्यवस्थित रखने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान मुख्य विकास अधिकारी एवं वरिष्ठ कोषाधिकारी द्वारा खण्डीय कार्यालय के अनुबन्ध रजिस्टर, अनुबन्ध पत्रावलियों सहित अन्य सम्बन्धित अभिलेखों का भी परीक्षण किया गया। इसके साथ ही खण्ड के अधीन तीनों उपखण्डीय कार्यालयों से सम्बन्धित पंजिकाओं एवं अभिलेखों, एग्रीमेंट रजिस्टर तथा पत्रावलियों का निरीक्षण किया गया। अधिकारियों को विगत वर्ष की प्रथम पांच अनुबन्ध पत्रावलियां, उनके भुगतान से सम्बन्धित अभिलेख तथा अनुबन्ध रजिस्टर से सम्बन्धित पत्रावली उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए।
जिलाधिकारी ने निरीक्षण के दौरान सम्बन्धित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को निर्देशित किया कि कार्यालय तथा सभी उपखण्डीय कार्यालयों में संधारित समस्त अभिलेखों एवं पत्रावलियों को नियमित रूप से अद्यतन करते हुए नियमानुसार व्यवस्थित रखा जाए। उन्होंने कहा कि कार्यालयीय अभिलेखों का रख-रखाव सुव्यवस्थित एवं पारदर्शी होना चाहिए तथा किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए।

निरीक्षण के दौरान मुख्य विकास अधिकारी, वरिष्ठ कोषाधिकारी तथा अधिशासी अभियन्ता, सिंचाई खण्ड सहित सम्बन्धित अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

स्कूलों के सामने कीचड़ और दलदल पर एडीएचआर ने उठाई आवाज, प्रभारी बीएसए को सौंपा ज्ञापन

हाथरस। जनपद हाथरस के ग्रामीण क्षेत्रों में सरकारी विद्यालयों के सामने बदहाल रास्तों और मूलभूत सुविधाओं की समस्या को लेकर एसोसिएशन ऑफ डेमोक्रेटिक ह्यूमन राइट्स (एडीएचआर) ने आवाज उठाई। संगठन के राष्ट्रीय महासचिव प्रवीन वार्ष्णेय के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने प्रभारी जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी गिरिराज सिंह को ज्ञापन सौंपकर तत्काल कार्रवाई की मांग की।
ज्ञापन में पूर्व माध्यमिक विद्यालय नगला मथु, मुरसान तथा प्राथमिक विद्यालय जंगला, सादाबाद के मुख्य प्रवेश मार्गों की बदहाल स्थिति का उल्लेख किया गया। एडीएचआर के अनुसार नगला मथु विद्यालय के मुख्य गेट के सामने बारिश के बाद कीचड़ और दलदल की स्थिति बन जाती है, जिसके कारण छात्र-छात्राओं को परेशानी का सामना करना पड़ता है और उनके फिसलकर गिरने का खतरा बना रहता है।
वहीं जंगला स्थित प्राथमिक विद्यालय के मुख्य गेट के सामने जलभराव, कीचड़ और गहरे गड्ढों के कारण बच्चों के साथ-साथ ग्रामीणों और राहगीरों को भी आवागमन में परेशानी हो रही है। संगठन ने बताया कि यह मार्ग ग्रामीणों के लिए भी महत्वपूर्ण बाईपास मार्ग है, जिससे प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग आवागमन करते हैं।


एडीएचआर ने मांग की कि दोनों विद्यालयों के सामने से तत्काल कीचड़ व दलदल हटाकर रास्तों को आवागमन योग्य बनाया जाए तथा स्थायी समाधान के लिए पक्का मार्ग और उचित जल निकासी/नाली की व्यवस्था कराई जाए। साथ ही दोनों विद्यालयों का स्थलीय निरीक्षण कराकर अन्य मूलभूत व्यवस्थाओं की भी जांच कराने की मांग की गई।
प्रवीन वार्ष्णेय ने कहा कि सरकारी विद्यालयों में पढ़ने वाले बच्चों को सुरक्षित और सम्मानजनक वातावरण उपलब्ध कराना विभाग की प्राथमिक जिम्मेदारी है। बच्चों को कीचड़ और दलदल से होकर विद्यालय पहुंचने के लिए मजबूर होना गंभीर चिंता का विषय है।
ज्ञापन के माध्यम से संगठन ने संबंधित अधिकारियों से अविलंब कार्रवाई और स्थायी समाधान सुनिश्चित करने की मांग की। एडीएचआर ने चेतावनी दी कि यदि निर्धारित समय में समस्याओं का समाधान नहीं किया गया तो बच्चों के अधिकार और जनहित के मुद्दे पर संगठन लोकतांत्रिक एवं संवैधानिक तरीके से आंदोलन करने के लिए बाध्य होगा।
जिलाध्यक्ष कमलकांत दोवराबाल ने कहा, _”सरकारी स्कूल में पढ़ने वाले बच्चों को भी सुरक्षित, स्वच्छ और सम्मानजनक माहौल मिलना उनका संवैधानिक अधिकार है। बच्चों को कीचड़ से होकर स्कूल जाने के लिए मजबूर करना अनुच्छेद 21 और RTE Act 2009 का उल्लंघन है।
इस दौरान प्रभारी BSA गिरिराज सिंह ने ज्ञापन लेकर तत्काल संबंधित खंड शिक्षा अधिकारियों को निर्देशित कर स्थलीय रिपोर्ट तलब करने का आश्वासन दिया।
प्रतिनिधिमंडल में एडीएचआर के राष्ट्रीय महासचिव प्रवीन वार्ष्णेय के साथ जिलाध्यक्ष कमलकांत दोवराबाल, जिला कोषाध्यक्ष अनिल अग्रवाल, राजेश वार्ष्णेय आदि पदाधिकारी मौजूद रहे।

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