तहसील सदर में फ्रंट ऑफिस व्यवस्था के विरोध में अनिश्चितकालीन हड़ताल जारी
हाथरस। तहसील सदर में लागू की जा रही ‘फ्रंट ऑफिस’ प्रणाली के विरोध में अधिवक्ताओं, दस्तावेज लेखकों, स्टांप वेंडरों और टाइपिस्टों की अनिश्चितकालीन हड़ताल लगातार जारी है। संयुक्त संघर्ष समिति के बैनर तले तहसील परिसर में धरना-प्रदर्शन किया जा रहा है, जिसके चलते रजिस्ट्री कार्यालय का कामकाज पूरी तरह ठप हो गया है।
प्रदर्शनकारियों का कहना है कि सरकार द्वारा लागू की जा रही फ्रंट ऑफिस व्यवस्था तानाशाहीपूर्ण निर्णय है। उनका आरोप है कि इस नई प्रणाली से वर्षों से रजिस्ट्री और दस्तावेज संबंधी कार्यों से जुड़े हजारों लोगों के रोजगार पर संकट खड़ा हो जाएगा। इसी को लेकर वे सरकार के खिलाफ आंदोलन कर रहे हैं और निर्णय वापस लेने की मांग कर रहे हैं।
हड़ताल के कारण तहसील परिसर की सामान्य गतिविधियां भी प्रभावित हुई हैं। रजिस्ट्री कार्यालय बंद रहने से जमीनों की खरीद-फरोख्त सहित अन्य महत्वपूर्ण कार्य बाधित हो रहे हैं, जिससे आम नागरिकों को भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
धरने की अध्यक्षता राकेश चौधरी ने की। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने तहसील गेट तक मार्च निकालकर नारेबाजी भी की। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने अपना निर्णय वापस नहीं लिया तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा। साथ ही स्पष्ट किया कि उनकी हड़ताल मांगें पूरी होने तक अनिश्चितकालीन जारी रहेगी।
प्रदर्शन में प्रमुख रूप से उपस्थित रहे:
सुरेश चंद देशमुख, दिनेश कुशवाहा, विजेंद्र सिंह, मदन मोहन गौड़, मनोज कुमार कातिब, हरिशंकर, अजय शर्मा, देवेश दीक्षित, रजनीश गौतम, प्रमोद कुमार, श्याम सुंदर सूर्यवंशी, वीरेंद्र कुमार देशमुख, भानु प्रताप सहित बड़ी संख्या में अधिवक्ता, दस्तावेज लेखक, स्टांप वेंडर और टाइपिस्ट मौजूद रहे।

