तपस्या धाम में धूमधाम से मनाया गया श्री कृष्ण जन्माष्टमी उत्सव, राधा-कृष्ण के मनमोहक रूपों ने कराया सतयुग का अनुभव
हाथरस। ब्रह्माकुमारीज तपस्या धाम, हाथरस में श्री कृष्ण जन्माष्टमी का उत्सव बड़े ही हर्षोल्लास, आध्यात्मिक उमंग एवं भक्तिमय वातावरण में मनाया गया। इस अवसर पर तपस्या धाम को सुंदर एवं आकर्षक झांकियों से सजाया गया। राधा-कृष्ण के सुंदर रूप में सजे बालक-बालिकाएं तथा मनमोहक नृत्य ने सभी का मन मोह लिया।
कार्यक्रम में अनेक बालक-बालिकाएं राधा-कृष्ण के स्वरूप में ऐसे सुशोभित हो रहे थे, मानो साक्षात् सतयुग और स्वर्ग का सुंदर दृश्य साकार हो उठा हो। राधा-कृष्ण के अनेक मनमोहक रूपों को देखकर पूरा तपस्या धाम आध्यात्मिक आनंद और खुशी से झूम उठा। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं एवं ब्रह्मावत्सों ने भाग लिया।

इस अवसर पर ब्रह्माकुमारी भावना दीदी, वरिष्ठ राजयोग शिक्षिका, ने सभी को श्री कृष्ण जन्माष्टमी की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि श्री कृष्ण का जीवन पवित्रता, प्रेम, शांति, दिव्यता और श्रेष्ठ संस्कारों का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि हम सभी अपने जीवन में इन गुणों को धारण कर सच्ची खुशी और पवित्रता का अनुभव कर सकते हैं।
जिले की प्रभारी राजयोगिनी बीके सीता दीदी ने श्री कृष्ण जन्मोत्सव की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि श्री कृष्ण को सतयुग की दिव्य दुनिया का प्रतीक माना जाता है। सतयुग जैसा स्वर्ग केवल झांकियों में देखने की चीज नहीं, बल्कि श्रेष्ठ संस्कारों, पवित्र विचारों और परमात्म स्मृति के द्वारा अपने जीवन में भी अनुभव किया जा सकता है। उन्होंने सभी से अपने जीवन को सकारात्मकता, पवित्रता और श्रेष्ठ कर्मों से सजाने का आह्वान किया।
कार्यक्रम के दौरान राधा-कृष्ण के मनमोहक नृत्य, सुंदर झांकियों और बच्चों के आकर्षक स्वरूपों ने ऐसा वातावरण बना दिया कि पूरा तपस्या धाम श्री कृष्ण की दिव्यता और सतयुगी स्वर्ग की अनुभूति से भर गया। उत्सव के अंत में सभी ने प्रेम, पवित्रता और श्रेष्ठ जीवन जीने का संकल्प लिया।

