जिलाधिकारी की संवेदनशील पहल से 24 घंटे में प्रार्थिया को मिला अंत्योदय राशन कार्ड का लाभ
गरीब एवं जरूरतमंद परिवारों को सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाना प्रशासन की प्राथमिकता- जिलाधिकारी।
हाथरस। जनसामान्य की समस्याओं का त्वरित एवं संवेदनशीलता के साथ निस्तारण सुनिश्चित करने की दिशा में जिलाधिकारी सत्य प्रकाश पटेल की सकारात्मक पहल से सादाबाद निवासी एक जरूरतमंद परिवार को महज 24 घंटे के भीतर अंत्योदय राशन कार्ड का लाभ मिला। इससे आंखों से लगभग 50 प्रतिशत दिव्यांगता से प्रभावित आठ वर्षीय बच्चे रिहान मलिक के उपचार में सहायता मिलने का मार्ग प्रशस्त हुआ है। अंत्योदय राशन कार्ड के आधार पर बच्चे का आयुष्मान कार्ड भी जारी कराया जाएगा, जिससे उसे नियमानुसार उपचार संबंधी सुविधाएं प्राप्त हो सकेंगी।
प्रकरण के अनुसार, दिनांक 14 अक्टूबर, 2026 को जनता दर्शन के दौरान इस्लाम नगर, सादाबाद निवासी श्रीमती नाजरीन नाज पत्नी रिजवान खॉन ने जिलाधिकारी के समक्ष प्रार्थना पत्र प्रस्तुत कर अपनी समस्या से अवगत कराया। उन्होंने बताया कि उनका आठ वर्षीय पुत्र रिहान मलिक आंखों से लगभग 50 प्रतिशत दिव्यांग है तथा उसका उपचार अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के ए.एम.यू. रिसर्च सेंटर, अलीगढ़ में चल रहा है। परिवार की आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण बच्चे के उपचार में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने अपने पुत्र का अंत्योदय राशन कार्ड एवं आयुष्मान कार्ड बनवाए जाने का अनुरोध किया, ताकि उसके उपचार में आवश्यक सहायता मिल सके।
जिलाधिकारी सत्य प्रकाश पटेल ने मामले की गंभीरता एवं बच्चे के स्वास्थ्य से जुड़ी आवश्यकता को देखते हुए तत्काल संज्ञान लिया तथा जिला पूर्ति अधिकारी को पात्रता की जांच कर अंत्योदय राशन कार्ड जारी कराने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी के निर्देशों के क्रम में संबंधित अधिकारियों द्वारा 24 घंटे के भीतर पात्रता की जांच पूरी कराते हुए परिवार को अंत्योदय राशन कार्ड का लाभ उपलब्ध करा दिया गया। साथ ही, इसी आधार पर बच्चे का आयुष्मान कार्ड जारी कराने की प्रक्रिया सुनिश्चित की जाएगी।
जिलाधिकारी ने कहा कि जनता दर्शन का उद्देश्य केवल शिकायतें सुनना ही नहीं, बल्कि पात्र एवं जरूरतमंद लोगों की समस्याओं का समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करना भी है। गरीब परिवारों के बच्चों को बेहतर उपचार एवं जीवन में आगे बढ़ने के अवसर उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि बच्चे देश का भविष्य हैं और प्रत्येक बच्चे को बेहतर स्वास्थ्य एवं उज्ज्वल भविष्य के अवसर मिलने चाहिए। शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्र व्यक्तियों तक पहुंचाकर उनकी समस्याओं का समाधान करना प्रशासन की जिम्मेदारी है।

