हाथरस के विकास को लेकर मुख्यमंत्री के नाम मांगपत्र भाजपा जिलाध्यक्ष को सौपा, स्थानीय उद्योगों को बढ़ावा देने सहित पांच प्रमुख मांगें
हाथरस। जनपद के औद्योगिक, व्यापारिक एवं धार्मिक विकास को गति देने के उद्देश्य से दा हाथरस मर्चेंट चेम्बर ने मुख्यमंत्री उत्तर प्रदेश के नाम एक मांगपत्र जारी किया है जिसे फेडरेशन ऑफ व्यापार मंडल के जिलाध्यक्ष सुरेश अग्रवाल द्वारा भाजपा जिलाध्यक्ष प्रेम सिंह कुशवाह को सौपा गया। मांगपत्र में हाथरस के समग्र विकास से जुड़ी पांच प्रमुख मांगें उठाई गई हैं। मांगपत्र में स्थानीय उद्योगपतियों को प्राथमिकता देने, औद्योगिक पार्क की स्थापना, बेहतर सड़क संपर्क, जीएसटी कार्यालय के स्थायी भवन के निर्माण तथा श्री दाऊजी महाराज किला मंदिर को अतिक्रमण मुक्त कराने की मांग प्रमुख रूप से शामिल है।
मांगपत्र में कहा गया है कि यूपीसीडा की सलेमपुर औद्योगिक परियोजना में स्थानीय उद्योगपतियों की उपेक्षा कर प्रदेश से बाहर के उद्योगपतियों को भूमि आवंटित किया जा रहा है, जो स्थानीय उद्यमियों के हितों के विपरीत है। सरकार से मांग की गई है कि स्थानीय उद्योगपतियों को प्राथमिकता देते हुए भूमि आवंटन किया जाए, जिससे उद्योगों का विस्तार हो, स्थानीय युवाओं को रोजगार मिले और जनपद का आर्थिक विकास हो सके।

इसके साथ ही हाथरस में कुटीर, लघु एवं मध्यम उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए एक आधुनिक औद्योगिक पार्क की स्थापना की मांग की गई है। मांगपत्र में कहा गया है कि इससे नए उद्योग स्थापित होंगे और स्थानीय स्तर पर रोजगार के व्यापक अवसर सृजित होंगे।
मांगपत्र में हाथरस के प्रमुख संपर्क मार्गों को राष्ट्रीय एवं राज्य राजमार्गों से बेहतर ढंग से जोड़ने की भी मांग की गई है, जिससे व्यापार, परिवहन और औद्योगिक गतिविधियों को गति मिल सके।
व्यापारियों की सुविधा के लिए जनपद में जीएसटी कार्यालय के स्थायी भवन का निर्माण शीघ्र कराए जाने की मांग भी उठाई गई है। बताया गया है कि भूमि उपलब्ध होने, प्रस्ताव स्वीकृत होने तथा प्रशासन की संस्तुति के बावजूद निर्माण कार्य अभी तक प्रारंभ नहीं हो सका है।
इसके अलावा हाथरस के ऐतिहासिक एवं धार्मिक महत्व के केंद्र श्री दाऊजी महाराज किला मंदिर को अवैध अतिक्रमण से मुक्त कराने की मांग भी प्रमुखता से की गई है। मांगपत्र में कहा गया है कि माननीय उच्च न्यायालय के आदेश के बावजूद प्रभावी कार्रवाई नहीं हो सकी है। मंदिर परिसर को अतिक्रमण मुक्त कराकर प्रतिवर्ष आयोजित होने वाले श्री दाऊजी महाराज मेले को भव्य स्वरूप प्रदान किया जा सकता है।
मांगकर्ताओं ने मुख्यमंत्री से जनहित एवं हाथरस के समग्र विकास को ध्यान में रखते हुए सभी मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय लेने का अनुरोध किया है। उनका कहना है कि इन मांगों के पूरा होने से हाथरस के औद्योगिक, व्यापारिक और धार्मिक विकास को नई दिशा मिलेगी तथा स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे।

