चित्रकूट पहुंचने के प्रसंग का भावपूर्ण वर्णन सुन भाव-विभोर हुए श्रद्धालु ,श्री वेद भगवान सनातन धर्म सभा के अध्यक्ष ने किया व्यास जी का सम्मान
हाथरस।सादाबाद गेट प्रसिद्ध हनुमान जी मंदिर “बालाजी मंदिर” पर श्रीराम कथा में व्यास श्री बागीष दत्त गौड़ जी ने अपने मुखारविंद से भगवान श्रीराम के चित्रकूट पहुंचने के प्रसंग का भावपूर्ण वर्णन किया। उन्होंने बताया कि वनवास के दौरान भगवान श्रीराम, माता सीता एवं लक्ष्मण जी ने किस प्रकार चित्रकूट में पर्णकुटी का निर्माण कर आदर्श जीवन का संदेश दिया।
कथा के दौरान व्यास जी ने अयोध्या में माता कौशल्या की विरह वेदना का मार्मिक चित्रण करते हुए बताया कि किस प्रकार वे बालक राम की रत्नजड़ित पनहैयों को हृदय से लगाकर उनकी स्मृतियों में भाव-विभोर हो जाती थीं। इस प्रसंग को सुनकर श्रद्धालुओं की आंखें नम हो गईं।
इस अवसर पर श्री वेद भगवान सनातन धर्म सभा के अध्यक्ष डॉ. जितेंद्र स्वरूप शर्मा “फौजी” ने रामायण एवं तुलसी ग्रंथ पर मखमली पटका अर्पित कर व्यास जी का सम्मान किया तथा सभा की ओर से पीत पटिका भेंट कर आशीर्वाद स्वरूप सम्मान प्रदान किया। व्यास जी ने भी उन्हें अपने समीप स्थान देकर माल्यार्पण कर सम्मानित किया।
कथा के दौरान भगवान श्रीराम के आदर्शों एवं उनकी कृपा महिमा का संगीतमय गुणगान होता रहा। कार्यक्रम के अंत में श्रीरामायण जी, श्रीरामचंद्र जी एवं श्रीहनुमान जी की आरती श्रद्धापूर्वक संपन्न हुई। आरती वंदन के पश्चात श्रद्धालुओं ने “जय सियाराम” एवं “जय-जय हनुमान” के उद्घोष के साथ वातावरण को भक्तिमय बना दिया।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।

