Breaking News
यशोदा मां बनकर करें बच्चों की देखभाल: मंत्री बेबी रानी मौर्य, आंगनवाड़ी सहायिकाओं को नियुक्ति पत्र किए वितरण

हाथरस। पुलिस लाइन सभागार में आज आंगनवाड़ी सहायिकाओं को नियुक्ति पत्र वितरण, जीएमडी किट एवं शिशु किट वितरण तथा पोषण पखवाड़ा 9 से 23 अप्रैल के समापन कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता महिला कल्याण, बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार विभाग की मंत्री बेबी रानी मौर्य ने की। कार्यक्रम की शुरुआत अतिथियों के स्वागत से हुई, जिसमें सांसद अनूप प्रधान वाल्मीकि, विधायक सदर अंजुला सिंह माहौर, विधायक सिकंदराराऊ वीरेंद्र सिंह राणा सहित अन्य जनप्रतिनिधि, जिलाधिकारी अतुल वत्स तथा पुलिस अधीक्षक चिरंजीव नाथ सिन्हा उपस्थित रहे। इस दौरान 225 नव-नियुक्त आंगनवाड़ी सहायिकाओं को नियुक्ति पत्र वितरित किए गए। साथ ही शिशुओं की लंबाई एवं वजन मापने के उपकरण तथा “बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ” योजना के अंतर्गत बालिकाओं को शिशु किट प्रदान की गई। मंत्री बेबी रानी मौर्य ने अपने संबोधन में कहा कि आंगनवाड़ी केंद्रों पर आने वाले 3 से 6 वर्ष तक के बच्चों की देखभाल ‘यशोदा मां’ की तरह करनी होगी। उन्होंने कहा कि यह केवल रोजगार नहीं, बल्कि समाज के भविष्य निर्माण की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है। बच्चों को अच्छे संस्कार, स्वच्छता की आदतें तथा प्रारंभिक शिक्षा देना भी सहायिकाओं का कर्तव्य है।उन्होंने यह भी कहा कि सहायिकाएं सरकार की योजनाओं “बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ”, कन्या सुमंगला योजना, आयुष्मान योजना, राशन कार्ड, विधवा पेंशन आदि की जानकारी घर-घर तक पहुंचाएं, ताकि पात्र लाभार्थियों को योजनाओं का लाभ मिल सके। कार्यक्रम में सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने भी सभी का मन मोह लिया। बीएलएस इंटरनेशनल विद्यालय की छात्राओं ने स्वागत गीत, नारी सशक्तिकरण पर आधारित नाटक तथा कृष्ण लीला पर आधारित नृत्य प्रस्तुत किया।
सांसद अनूप प्रधान वाल्मीकि ने नव-नियुक्त सहायिकाओं को बधाई देते हुए कहा कि महिलाओं की भूमिका आज हर क्षेत्र में सशक्त हो रही है। उन्होंने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का उदाहरण देते हुए कहा कि महिलाएं देश के सर्वोच्च पद तक अपनी क्षमता का प्रदर्शन कर रही हैं। जिलाधिकारी अतुल वत्स ने कहा कि आंगनवाड़ी सहायिकाओं की भूमिका समाज के भविष्य निर्माण में अत्यंत महत्वपूर्ण है। प्रशासन द्वारा उन्हें उचित प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा, जिससे वे अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन पूरी निष्ठा के साथ कर सकें।

आशीष सेंगर

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You cannot copy content of this page